
तपोवन, संजान : सोलसुम्बा ग्राम पंचायत हद में नवीनगरी स्थित गौचरण जमीन में गैरकानूनी तरीके से दुकानों का बांधकाम किया गया और गैरकानूनी तरीक़े से दुकानों को बेच भी दिया गया है,इस बात पर तालुका विकास अधिकारी ने सरपंच पर दिखाई सख्ती।
ग्राम पंचायत द्वारा हुए इस गैरकानूनी काम को तालुका विकास अधिकारी द्वारा सरपंच को नोटिस दिया गया है और सारे जरूरी कागजात एवं दुकानों के बांधकाम में जो भी प्रक्रिया की गई है उसका हिसाब मांगा गया।
दूसरी तरफ जिनलोगों ने दुकानों की खरीदी की है उन्होंने भी अपनी रकम वापस लौटाने की अर्जी सरपंच के विरुद्ध में की है।
दिनाँक 17/10/2022 को खरीददारों द्वारा अर्जी दी गईं,
रकम वापस लौटाने की मांग करने वाले अरजदार एवं दुकानों का ब्यौरा नीचे दिया गया है:-
1)दिनेश गोविंद सुरती (रहवासी-माह्यावंशी फलिया सोलसुम्बा)
दुकान नंबर-58/रकम-1,40,000
2)भरत दामोदर प्रजापति (रहवासी-सोलसुम्बा)
दुकान नंबर-55/
रकम-1,60,000
3)दिनेश परसोत्तम लाड़ (रहवासी-माह्यावंशी फलिया सोलसुम्बा)
दुकान नंबर-57/
रकम-1,60,000
4)शांतिबेन गोविंद सूरती (रहवासी-माह्यावंशी फलिया सोलसुम्बा)
दुकान नंबर-59/
रकम-1,30,000
5)प्रेमजीत रेवाशंकर व्यास (रहवासी-सोलसुम्बा)
दुकान नंबर-55/
रकम-3,00,000.
इस तरह ग्राम पंचायत के सरपंच द्वारा इन लोगो को दुकाने बेची गई,इसको एक प्रकार की ठगी भी कहा जा सकता है।
अब इन पांचों अरजदारो को उनकी रकम वापस लौटाई जाएगी या नही यह भी एक चर्चा विषय बन चुका है,ऐसे तो सोलसुम्बा ग्राम वासीयो के साथ अन्याय हो रहा है,ऐसा प्रतीत होता है।
तालुका विकास अधिकारी ने सरपंच लो नोटिस दिया है और गौचरण जमीन में जो दुकाने बनाई गई है,उस जमीन का सर्वे नंबर तथा 7/12 की नकल और 1950/51 से लेकर अबतक की नकल एवं गाँव नमूना नंबर 6 हक्क पत्रक की तमाम नकल,सक्षम अधिकारी द्वारा मंजूर किया गया प्लान/नक्शा की नकल,ग्राम पंचायत द्वारा की गई ठराव की नकल,इस मिलकत की एसेट रजिस्टर द्वारा एंट्री की गई है या नही,अगर की गई होतो उसकी नकल,बांधकाम की गई दुकानों की ग्राम पंचायत दफ्तर में एंट्री की गई है या नही उसकी नकल,दुकानों की हराजी करने से पहले सक्षम अधिकारी से ली गई मंजूरी की नकल,हराजी से संबंधित कागजात तथा संबंधित कचहरी के साथ किये गए पत्र-व्यवहार की नकल,इस बांधकाम से संबंधित हिसाब की बुक जैसे कि वाउचर,फ़ाइल,रसीद,बैंक पासबुक तथा चेक की नकल,बांधकाम के शुरुआत से आजतक की ऑडिट अहवाल की नकल,बांधकाम से संबंधित जो रकम ग्राम पंचायत सोलसुम्बा में जमा की गई उसकी तमाम पावती सहित कागजात की नकल,पतरे की दुकानों का बांधकाम करने के लिये उच्च-अधिकारी से ली गई मंजूरी एवं हुकम की नकल,इन पतरो की दुकानों को बनाने के लिए शुरुआत से अबतक जो पद्धति अपनाई गई उनके तमाम साधनों के कागजात की नकल,इस काम मे जमा हुई रकम के फण्ड से जो कोई खर्च किया गया हो तो उससे संबंधित सक्षम अधिकारी की मंजूरी ली गईं है या नही उसकी तमाम नकल।
उपरोक्त तमाम कागजात की नकल अगर सोलसुम्बा ग्राम पंचायत द्वारा रजू नही किये जाते तथा इससे संबंधित काम मे अगर कोई चूक हुई होगी तो गुजरात पंचायत अधिनियम 1993 के मुताबिक शिक्षात्मक कारवाई करने के लिए उच्च कचहरी में दरखास्त की जाएगी।



