
तपोवन, संजान : राजकोट रहवासी दीपक गोहिल के भाई हिरेनभाई भिखुभाई मकवाणा नामक शख्स ने राजकोट महिला पुलिस पर उनके भाई दीपक को 2 लाख रुपये लेकर गैर-कानूनी तरीके से पीटने का लगाया आरोप और कमिशनर साहब को पत्र लिखकर की फरियाद।
हिरेनभाई मकवाणा द्वारा बताया गया है कि उनके चचेरे भाई दीपक गोहिल को 1 अप्रेल 2022 के दिन महिला पुलिस चौकी से कॉल आया और दीपक एवं उनकी स्त्री मित्र को निवेदन पत्र देना है ऐसा कहकर बुलाया गया,पुलिस स्टेशन पहोचने के बाद दीपक को बहोत बुरी तरह से पिटा गया और उनकी स्त्री मित्र से कुछ तैयार कागजात पर गैर-कानूनी तरीके से साइन करवा ली गईं,दीपक को बुरी तरह पीटने के कारण ताबड़तोड़ सिविल अस्पताल में भर्ती करवाया गया।
दीपक के भाई हिरेन ने पत्र में यह उल्लेख किया है कि महिला पुलिस स्टेशन के कमलेशभाई एवं वहाँ की दो महिला पुलिस ने दीपक के गुप्त हिस्से में 3 से 4 बार वार किया है जिसके कारण दीपक के गुप्त हिस्से में सूजन हो गई है और बहोत दर्द हो रहा है,दीपक को 5 बजे से लेकर 8:30 बजे तक लगातार पिटा गया और उनकी स्त्री मित्र को डरा-धमका कर साइन करवा ली गईं।
दीपक के भाई ने पुलिस के ऊपर आरोप लगाते हुए कहा कि दीपक को पीटने के बदले पुलिस ने राज कंजारिया से 2 लाख रुपये की रिश्वत ली है,राज कंजारिया नामक व्यक्ति दीपक की जो स्त्री मित्र है उनका भाई है ओर बदमाश भी है,राज कंजारिया के साथ 30 अन्य व्यक्ति भी दीपक को मारने के इरादे से पुलिस स्टेशन में मौजूद थे,राज कंजारिया ट्रांसपोर्ट का धंधा करते है और उनके संबंध कुछ राजनेताओं से भी है।
राज कंजारिया ने दीपक को ओर खुद की बहन को जान से मारने की धमकी दी थी जिसके कारण उनकी बहन ने 4 दिनों पहले कोई दवाई पीकर जान देने की कोशिश भी की थी,इस मुद्दें पर भी अबतक कोई कारवाई नही हुई है।
दीपक ने 1 अप्रेल को रात 8:45 के आसपास अपने भाई हिरेन को कॉल करके जानकारी देते हुए बताया कि पुलिस ने रिश्वत लेकर उनके साथ आई स्त्री मित्र को उसके भाई राज के साथ भेज दिया है और मुझे बुरी तरह पीटा है इस कारण में दवाई पीकर अपनी जान देने जा रहा हु,यह बात सुनते ही ताबड़तोड़ हिरेन पुलिस चौकी पहोंचे ओर अपने भाई दीपक को सिविल अस्पताल में भर्ती करवाया।
सिविल अस्पताल में पुलिस द्वारा तहसीलदार के सामने दीपक का बयान लिया गया है,साथ ही हिरेन का कहना है कि अलग-अलग पुलिस वालो द्वरा उनपर केश वापस लेने को दबाव किया जा रहा है,ओर फ़ोन पर बार-बार धमकिया भी मिल रही है,पुलिस की धमकियों के कारण दीपक की तबियत खराब होने के बावजूद अस्पताल से छुट्टी देने को कहा गया है,जिसके कारण हिरेन ने गृह मंत्रालय और पुलिस कमिश्नर को पत्र लीखकर पुलिस प्रोटेक्शन की मांग की है।




