हर साल आज यानी 5 जून को ‘विश्व पर्यावरण दिवस’ के रूप में मनाया जाता है। आज के औद्योगीकरण के दौर में पर्यावरण के बारे में सोचना बेहद ज़रूरी है, क्योकि पेड़ों की अंधाधुंध कटाई की वजह से पर्यावरण को पिछले कुछ दशकों में काफी नुकसान हुआ है। इसकी वजह से अब दुनियाभर के इकोसिस्टम में तेजी से बदलाव देखने को मिल रहे हैं। पर्यावरण को सुरक्षा प्रदान करने का संकल्प लेने के उद्देश्य से ही हर साल विश्व पर्यावरण दिवस मनाया जाता है। ये समुद्री प्रदूषण, ओवरपॉपुलेशन, ग्लोबल वॉर्मिंग, सस्टनेबल कंजम्पशन और वाइल्ड लाइफ क्राइम जैसे पर्यावरणीय मुद्दों पर जागरूकता बढ़ाने के लिए एक मंच रहा है, जिसमें 143 से अधिक देशों की भागीदारी रहती है।
आज पर्यावरण का बिगड़ता संतुलन और बढ़ते प्रदूषण से पूरी दुनिया जूझ रही है. इन गंभीर समस्याओं से उबरने का एक मात्र उपाय दुनियाभर के पर्यावरण को हरा भरा बनाना है। ये तभी संभव है जब लोग पेड़ों के संरक्षण के प्रति जागरूक हों। इसी ज़रूरत को देखते हुए संयुक्त राष्ट्र संघ (United Nations Organisation) की पहल पर विश्व पर्यावरण सुरक्षा को लेकर जागरूकता फैलाने के लिए ‘विश्व पर्यावरण दिवस’ मनाने की शुरुआत साल 1973 में की गई थी, जिसे हर साल नए थीम के साथ मनाया जाता है। इस बार विश्व पर्यावरण दिवस 2022 की थीम है, ‘ओन्ली वन अर्थ’ मतलब ‘केवल एक पृथ्वी’ है। साल 1972 के स्टॉकहोम सम्मेलन का नारा “केवल एक पृथ्वी” था; 50 साल बाद भी, ये सच्चाई अभी भी कायम है – ये ग्रह हमारा एकमात्र घर है।

इसी क्रम में इस वैश्विक मुहिम को आगे बढ़ाते हुए , लाइयंज़ स्कूल कैम्पस में श्रीमती देवकीबा मोहनसिंहजी चौहान कॉलेज ओफ़ कामर्स एंड साइयन्स और हवेली इन्स्टिटूट ओफ़ लीगल स्टडीज़ एंड रीसर्च ने लाइयंस इंग्लिश स्कूल के साझा प्रयास से “वृक्षारोपण मुहिम “ का आयोजन किया । जहां प्रदेश के डिप्टी कंजरवेटर ओफ़ फ़ॉरेस्ट श्री.राज़तिलक सिल्वा,
फ़ॉरेस्ट रेंजर श्री. किरण परमार तथा वन विभाग के शिवराज सोलंकी और लाइयंज़ क्लब ओफ़ सिलवासा चेरिटबल ट्रस्ट के अन्य कार्यकारिणी सदस्य भी मौजूद रहे ।
इस शृंखला में महाविद्यालय ने गत वर्ष 5/06/2021 को एक प्रण ले कर पर्यावरण हेतु जो अभियान “संवर्धन” शुरू किया था, उसे इस वर्ष भी आगे जारी रखने का संकल्प लिया तथा वन विभाग एवं एन॰एस॰एस॰ के विद्यार्थियों के साथ मिल कर पर्यावरण सुरक्षा हेतु गाँव गाँव जा कर जागरूकता फैलाने का प्रण लिया। ग़ौरतलब है कि संवर्धन मुहिम के चलते महाविद्यालय गत वर्ष 150 पौधों को स्वामी नारायण मंदिर, नरोली में लगा चुका है , तथा आशा है की ये संख्या इस वर्ष दुगनी होगी।
इन अभियानों के माध्यम से पर्यावरण और समाज क़े प्रति अपनी ज़िम्मेदारी का अहसास समय समय पर श्रीमती देवकीबा मोहनसिंहजी चौहान कॉलेज, हवेली लीगल इन्स्टिटूट तथा लाइयंज़ इंग्लिश स्कूल करवाता रहा है , तथा भविष्य में इनसे और भी ऐसे सामाजिक कार्यों की हम आशा करते हैं।




